तनावमुक्त जीवन की ओर कदम: गरियाबंद में पहली बार ‘आर्ट ऑफ लिविंग’ की कक्षाएं 14 जुलाई से, सीमित सीटों के लिए रजिस्ट्रेशन जारी
गरियाबंद: जिले में पहली बार ‘आर्ट ऑफ लिविंग’ संस्था के बैनर तले जीवन जीने की कला सिखाने वाली कक्षाएं आयोजित होने जा रही हैं। यह कार्यक्रम मानसिक तनाव, चिंता और नकारात्मकता से छुटकारा पाने की चाह रखने वालों के लिए एक अनूठा अवसर है। यह प्रशिक्षण 14 जुलाई से 19 जुलाई तक चलेगा, जिसकी तैयारी जोर-शोर से चल रही है और रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।
इस कार्यक्रम के संयोजन से जुड़ीं डॉ. शैलजा चंद्राकर ने बताया कि आर्ट ऑफ लिविंग केवल योग या ध्यान नहीं, बल्कि एक सम्पूर्ण जीवनशैली है, जो शरीर, मन और आत्मा को संतुलन में लाकर व्यक्ति को भीतर से सशक्त बनाती है। यह संस्था आध्यात्मिक गुरु श्री श्री रविशंकर द्वारा स्थापित की गई है और विश्व के 180 से अधिक देशों में सक्रिय रूप से कार्यरत है।
कार्यक्रम की विशेषता ‘सुदर्शन क्रिया’ है, जो प्राणायाम, ध्यान और सांस की वैज्ञानिक तकनीकों के माध्यम से व्यक्ति को गहरे मानसिक तनाव से मुक्ति दिलाती है और सकारात्मक सोच, आंतरिक शांति तथा जीवन में स्थायित्व लाने में सहायक होती है।
डॉ. चंद्राकर ने बताया कि गरियाबंद में हो रहा यह आयोजन सभी आयु वर्ग के लोगों के लिए उपयोगी होगा, विशेषकर उन लोगों के लिए जो जीवन की अनिश्चितताओं, व्यस्तता या मानसिक थकावट से जूझ रहे हैं। इस प्रशिक्षण से प्रतिभागियों को उत्साह, आत्मबल और मानसिक स्थिरता प्राप्त होगी।
उन्होंने बताया कि सीटें सीमित हैं, इसलिए इच्छुक नागरिकों से आग्रह है कि वे शीघ्र पंजीयन कराएं। रजिस्ट्रेशन के लिए इच्छुक व्यक्ति मोबाइल नंबर 6268902130 अथवा 9893457294 पर संपर्क कर सकते हैं।












