आज से ‘राजिम कुंभ कल्प 2026’ का शंखनाद: राज्यपाल रमेन डेका करेंगे शुभारंभ, आस्था के त्रिवेणी संगम पर उमड़ेगा जनसैलाब

राजिम/गरियाबंद : छत्तीसगढ़ के प्रयाग और आस्था के प्रमुख केंद्र राजिम में आज से ‘राजिम कुंभ कल्प 2026’ का भव्य आगाज़ हो रहा है। माघ पूर्णिमा के पावन अवसर पर आज से शुरू होने वाला यह मेला 15 फरवरी (महाशिवरात्रि) तक चलेगा। इस वर्ष भी आयोजन का केंद्र नया मेला स्थल, चौबे बांधा को बनाया गया है, जहाँ धर्म, अध्यात्म और संस्कृति का अद्भुत समागम देखने को मिलेगा।

महामहिम राज्यपाल करेंगे औपचारिक शुभारंभ

आज शाम आयोजित होने वाले भव्य उद्घाटन समारोह में छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होकर कुंभ कल्प का विधिवत शुभारंभ करेंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल करेंगे।

संतों और जनप्रतिनिधियों का भव्य समागम

शुभारंभ समारोह में देश-प्रदेश के प्रतिष्ठित संतों की गरिमामयी उपस्थिति रहेगी। विशिष्ट अतिथियों में:

  • प्रमुख संत: दंडी स्वामी डॉ. इन्दुभवानन्द तीर्थ, राजेश्री महंत रामसुंदर दास, स्वामी राजीव लोचन दास, पण्डोखर सरकार (संत गुरूशरण जी महाराज) और अन्य प्रमुख पंथों के गुरुजन।
  • जनप्रतिनिधि: सांसद बृजमोहन अग्रवाल, श्रीमती रूपकुमारी चौधरी, विधायक अजय चन्द्राकर, रोहित साहू, जनक ध्रुव सहित गरियाबंद और रायपुर जिले के सभी प्रमुख नगर निकायों के अध्यक्ष एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहेंगे।

मेले के प्रमुख आकर्षण और कार्यक्रम

मेला अवधि के दौरान श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए प्रतिदिन विशेष प्रबंध किए गए हैं:

  • महानदी आरती: प्रतिदिन शाम 6:30 बजे महानदी के तट पर भव्य गंगा आरती की तर्ज पर महाआरती होगी।
  • सांस्कृतिक प्रस्तुतियां: मुख्य मंच (चौबे बांधा) पर प्रतिदिन शाम 4:00 बजे से और संध्या 7:00 बजे से प्रदेश के नामचीन कलाकारों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए जाएंगे।
  • पण्डोखर सरकार का दरबार: 9 से 11 फरवरी तक त्रिवेणी संगम स्थल पर संत गुरूशरण महाराज (पण्डोखर सरकार) का विशेष सत्संग दरबार लगेगा।

प्रशासनिक मुस्तैदी

आज माघ पूर्णिमा का पहला शाही स्नान है, जिसके लिए प्रशासन ने सुरक्षा और सुविधाओं के पुख्ता इंतजाम किए हैं। कलेक्टर बीएस उइके और पुलिस प्रशासन द्वारा श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन और शांति व्यवस्था हेतु चप्पे-चप्पे पर दण्डाधिकारी और पुलिस बल तैनात किया गया है।

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KR. MAHI

CHIEF EDITOR KAROBAR SANDESH

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