लौटी हीरे की चमक: देश में फिर बढ़ी डायमंड की मांग, निवेशकों के लिए सुनहरा मौका
नई दिल्ली। लंबे समय तक मंदी की मार झेलने के बाद अब भारतीय हीरा उद्योग में फिर से तेजी देखने को मिल रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि आगामी छह महीनों में हीरे की मांग में 15% से 20% तक की वृद्धि हो सकती है। इस तेजी का लाभ न केवल व्यापारियों को मिलेगा, बल्कि उन निवेशकों को भी हो सकता है जो हीरे को सुरक्षित निवेश मानते हैं।
FICCI की रिपोर्ट में संकेत:
फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (FICCI) की हालिया रिपोर्ट के मुताबिक, 2025 की दूसरी छमाही में भारतीय हीरा उद्योग को खासा लाभ मिल सकता है। इसमें शादियों, त्योहारों और वैश्विक बाजारों में स्थिरता को मुख्य कारण बताया गया है।
डायमंड डिमांड रिपोर्ट
📈 अनुमानित वृद्धि: 15–20%
📆 अवधि: अगले 6 महीने
📦 मुख्य कारण:
- शादियों और त्योहारों में पारंपरिक मांग
- गिफ्टिंग और इन्वेस्टमेंट ट्रेंड
- डॉलर में स्थिरता और अमेरिकी बाजार में सुधार
- रिटेल सेक्टर में पुनरुत्थान
तुलना:
- 2023: मांग में गिरावट
- 2024 मध्य: सुधार के संकेत
- 2025 (अनुमान): निर्यात और निवेश में मजबूती
निवेश सलाह: अब समय है हीरे में निवेश पर विचार करने का — बाजार सकारात्मक संकेत दे रहा है।
विशेषज्ञों की राय: राजेश मेहता, डायमंड ट्रेड एक्सपर्ट: “पिछले दो वर्षों में हमारी सेल्स में गिरावट आई थी, लेकिन इस तिमाही में रिकवरी के स्पष्ट संकेत दिख रहे हैं। ग्राहक फिर से महंगे और सुरक्षित गहनों की ओर लौट रहे हैं।”












