लोक सेवा गारंटी अंतर्गत ग्रामोद्योग विभाग में सभी रोजगार सृजन कार्यक्रम के प्रकरण निराकृत

रायपुर : राज्य शासन की मंशानुरूप ग्रामोद्योग मंत्री गुरु रूद्रकुमार के निर्देश पर छत्तीसगढ़ खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड द्वारा लोक सेवा गारंटी अधिनियम अंतर्गत प्राप्त आवेदनों का समय-सीमा में सभी प्रकरणों का निराकरण किया गया। विभागीय अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार छत्तीसगढ़ लोक सेवा गारंटी अधिनियम 2011 के अंतर्गत माह जनवरी से जुलाई 2020 तक मुख्यमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के 877 और प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के 1619 आवेदन प्राप्त हुए थे। रोजगार सृजन कार्यक्रम के अंतर्गत लोक सेवा गारंटी के प्राप्त कुल 2496 आवेदनों का समय-सीमा में सभी प्रकरणों का निराकरण किया गया।

निराकृत प्रकरणों में मुख्यमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के अंतर्गत नारायणपुर के 5, बीजापुर के 6, रायपुर और कांकेर के 7-7, बेमेतरा-9, कोरिया-10, मुंगेली-11, सुकमा और दंतेवाड़ा के 12-12, गरियाबंद और सरगुजा के 13-13, महासमुंद के 19, कोरबा के 20, बालोद के 22, सूरजपुर के 23, दुर्ग और कोण्डागांव के 28-28, राजनांदगांव के 30, बस्तर के 47, कवर्धा के 52, धमतरी के 59, जशपुर और रायगढ़ 68-68, बिलासपुर के 72, बलौदाबाजार-भाटापारा के 115 और जांजगीर-चांपा के 122 प्रकरण शामिल हैं।
इसी प्रकार प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के अंतर्गत नारायणपुर के 6, बालोद के 8, बीजापुर के 11, सुकमा के 20, दंतेवाड़ा और बेमेतरा के 21-21, गरियाबंद के 26, बलौदाबाजार भाटापारा के 31, जशपुर के 37, सरगुजा के 41, बलरामपुर और दुर्ग के 44-44, धमतरी के 48, रायपुर के 49, सूरजपुर के 54, कोण्डागांव के 55, बस्तर के 56, मुंगेली के 63, बिलासपुर के 64, महासमुंद के 70, कवर्धा के 71, कांकेर के 92, रायगढ़ के 97, राजनांदगांव के 118, कोरबा और कोरिया के 139-139 तथा जांजगीर-चांपा जिले के 194 प्रकरण शामिल हैं।


















